Religion

Pitra Dosh Upay पितृदोष के इन उपायों से आप पा सकते हैं हर संकट से मुक्ति, जानिए खास बातें

पितृ-दोष शांति के उपाय

घर के प्रेत या पितृ रुष्ट होने के लक्षण, कारण और उपाय 〰️〰️🌼〰️〰️🌼〰️〰️🌼〰️〰️🌼〰️〰️🌼〰️〰️ बहुत जिज्ञासा होती है आखिर ये पितृदोष है क्या? पितृ -दोष शांति के सरल उपाय पितृ या पितृ गण कौन हैं ? आपकी जिज्ञासा को शांत करती विस्तृत प्रस्तुति। पितृ गण हमारे पूर्वज हैं जिनका ऋण हमारे ऊपर है ,क्योंकि उन्होंने कोई ना कोई उपकार हमारे जीवन …

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श्रद्धा पूर्वक बोले यह आरती माँ अम्बे को प्रसन्न करे-

माँ दुर्गा की आरती

प्रेम से बोलो जय माता दी , अम्बे माता की जय| आरती अम्बे माँ की जय अम्बे गौरी मैया जय मंगल मूर्ति। तुमको निशिदिन ध्यावत हरि ब्रह्मा शिव री ॥टेक॥   मांग सिंदूर बिराजत टीको मृगमद को। उज्ज्वल से दोउ नैना चंद्रबदन नीको ॥जय॥ कनक समान कलेवर रक्ताम्बर राजै। रक्तपुष्प गल माला कंठन पर साजै ॥जय॥ केहरि वाहन राजत खड्ग …

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योगिनी एकादशी (17 जून 2020):कैसे करे पूजा,कथा व एकादशी माता आरती|

योगिनी एकादशी (17 जून 2020,बुधवार) YOGINI EKADASHI आषाढ़ मास कृष्ण पक्ष    वर्षभर में चौबीस एकादशी आती हैं और लौंद मास में 26 .आज हम योगिनी एकादशी के बारे में जानेंगे |   क्या है एकादशी   हिंदू पंचांग की ग्यारहवीं तिथि को एकादशी कहते हैं। एकादशी संस्कृत भाषा से लिया गया शब्द है जिसका अर्थ होता है ‘ग्यारह’। हर …

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संकष्टी चतुर्थी(8 जून 2020) :पूजा विधि ,कथा, आरती , शुभ मुहूर्त :

संकष्टी चतुर्थी (8 जून 2020,सोमवार) SANKASTI CHATURTHI “पिंग चतुर्थी (PING CHAUTH)” (कृष्णपिंगल  गणेश ) KRISHANPINDGAL  GANESH आषाढ़  कृष्ण पक्ष : संकष्टी चतुर्थी हिन्दू धर्म का एक प्रसिद्ध त्यौहार है।जैसे कि नाम के ही अनुसार संकष्टी चतुर्थी संकट को हरने वाली होती है| हिन्दू मान्यताओं के अनुसार किसी भी शुभ कार्य को करने से पहले भगवान गणेश की पूजा की जाती …

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निर्जला एकादशी (2 जून 2020):पूर्ण विधि ,महात्म्य ,कथा ,एकादशी आरती ,शुभ समय

निर्जला एकादशी (2 जून 2020,मंगलवार) NIRJALA  EKADASHI ज्येष्ठ मास शुक्ल पक्ष    वर्षभर में चौबीस एकादशी आती हैं। इनमें निर्जला एकादशी को सबसे श्रेष्ठ माना गया है। इसे भीमसेनी एकादशी भी कहते हैं।   क्या है एकादशी   हिंदू पंचांग की ग्यारहवीं तिथि को एकादशी कहते हैं। एकादशी संस्कृत भाषा से लिया गया शब्द है जिसका अर्थ होता है ‘ग्यारह’। हर …

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विष्णु जी की तर्जनी में विराजमान सुदर्शन चक्र की अद्भुत गाथा|

भगवान विष्णु की कहानी      सुदर्शन चक्र की उत्पत्ति एक बार नारायण;  जिन्हें हम भगवान विष्णु भी कहते हैं; ने सोचा कि वो अपने इष्ट देवों के देव महादेव को प्रसन्न करने के लिए उन्हें एक हजार कमल के पुष्प अर्पित करेंगे. पूजा की सारी सामग्री एकत्रित करने के बाद उन्होंने अपना आसान ग्रहण किया. और आँखे बंद कर …

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नवरात्रि : माँ चंद्रघंटा ( तीसरा दिन )

माँ चन्द्रघंटा  माँ का यह स्वरूप परम शांतिदायक और कल्याणकारी है। इनके मस्तक में घंटे का आकार का अर्धचंद्र है, इसी कारण से इन्हें चंद्रघंटा देवी कहा जाता है। इनके शरीर का रंग स्वर्ण के समान चमकीला है। इनके दस हाथ हैं। इनके दसों हाथों में खड्ग आदि शस्त्र तथा बाण आदि अस्त्र विभूषित हैं। इनका वाहन सिंह है। इनकी …

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दुर्गा चालीसा

दुर्गा चालीसा  सर्वमङ्गलमाङ्गल्ये शिवे सर्वार्थसाधिके । शरण्ये त्र्यम्बके गौरि नारायणि नमोऽस्तु ते ॥ || चौपाई || नमो नमो दुर्गा सुख करनी | नमो नमो अम्बे दुखहरनी || निराकार है ज्योति तुम्हारी | तिहूं लोक फैली उजियारी || शशि ललाट मुख महाविशाला | नेत्र लाल भुकुटी विकराला || रूप मातु को अधिक सुहावे | दरस करत जन अति सुख पावे || …

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चैत्र नवरात्री 2020 – माँ ब्रह्मचारिणी ( दूसरा दिन )

चैत्र नवरात्री – माँ ब्रह्मचारिणी ( दूसरा दिन ) हाथों में कमंडल विराजित, श्वेत वस्त्र धारण किये दुर्गा की शक्ति का दूसरा स्वरूप ब्रह्मचारिणी का है। यहां ब्रह्म का अर्थ तपस्या से है। मां दुर्गा का यह स्वरूप भक्तों और सिद्धों को अनंत फल देने वाला है। माँ ब्रह्म्चारिणी की  उपासना करने से तप, त्याग, वैराग्य, सदाचार और संयम की …

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होली 2020

होली: 9 मार्च 2020  रंग भरा त्यौहार , खुशियों की बौछार ये है होली का त्यौहार | होली दो दिनों का त्यौहार है अर्थात् पहले दिन होलिका दहन की जाती है और दूसरे दिन रंगों का त्यौहार मनाया जाता है जिसे धुलेंडी भी कहते है |भारतीय संस्कृति में हर त्यौहार का महत्त्व होता है उसके पीछे कोई कहानी होती है …

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